Modi Cabinet Reshuffle News,मोदी मंत्रिमंडल फेरबदल में शक्तिकांत दास बन सकते हैं वित्त मंत्री, तमिलनाडु के पूर्व IAS का मजबूत है बायोडाटा – modi cabinet reshuffle 2026 tamil nadu ex ias odisha born shaktikanta das frontrunner finance portfolio know ex rbi governor full story – Bhubaneswar News
PM Modi Cabinet Reshuffle: प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी अपने तीसरे कार्यकाल में पहली बार मंत्रिमंडल में व्यपाक फेरबदल कर सकते हैं। मंत्रिमंडल में फेरबदल की चर्चाओं से राजनीति गरमा गई है। चर्चा है कि पीएम मोदी का अटूट भरोसा रखने वाले ओडिशा में जन्में शक्तिकांत दास नए वित्त मंत्री बन सकते हैं।
मोदी मंत्रिमंडल फेरबदल के बीच चर्चा में शक्तिकांत दास का नाम।(फोटो– नवभारतटाइम्स.कॉम)
भुवनेश्वर : प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी केंद्रीय मंत्रिमंडल का 28 या 29 जून को फेरदबल और विस्तार कर सकते हैं। केंद्रीय मंत्रिमंडल में फेरबदल में बड़े बदलाव की संभावना व्यक्त की जा रही है। चर्चा है काफी मंत्रियों को हटाया जा सकता है और काफी के विभाग बदले जा सकते हैं। मंत्रिमंडल फेरबदल की चर्चाओं के बीच ओड़िशा में जन्में और तमिलनाडु कैडर के पूर्व आईएएस शक्तिकांत दास का नाम वित्त मंत्री के तौर पर चर्चा में है। इसकी बड़ी वजह उनका मजबूत बायोडाटा है। वह वर्तमान में प्रणानमंत्री प्रधान सचिव है। शक्तिकांत दास की अभी उम्र 69 साल है। अगर वे देश के नए वित्त मंत्री बननते हैं तो पूर्व प्रधानमंत्री मनमोहन सिंह और सी डी देशमुख की बराबरी करेंगे। अभी तक दो पूर्व आरबीआई गर्वनर देश के वित्त मंत्री बने हैं।
सीडी देशमुख आरबीआई के पहले भारतीय गवर्नर (1943–1949) थे। इसके बाद वे 1950 से 1956 तक भारत के केंद्रीय वित्त मंत्री रहे। डॉ. मनमोहन सिंह 1982 से 1985 तक आरबीआई के गवर्नर रहे। बाद में वे 1991 से 1996 तक भारत के वित्त मंत्री बने। इसके बाद 2004 से 2014 तक देश के प्रधानमंत्री रहे। भारत को आजादी मिलने के बाद सिर्फ मनमोहन सिंह को यह गौरव हासिल हुआ है। शक्तिकांत दास 25वें आरबीआई गवर्नर के तौर पर काम कर चुके हैं। शक्तिकांत दास का बायोडाटा वित्त मंत्री के लिए बेहद मजबूत है। वे वित्त मंत्रालय में आठ केंद्रीय बजट तैयार करने की प्रक्रिया का हिस्सा रहे हैं। उन्हें अर्थव्यवस्था, कराधान और निवेश के मामलों की गहरी समझ है। शक्तिकांत दास के आरबीआई के गवर्नर के रूप में उनके शानदार कार्यकाल के लिए उन्हें वैश्विक स्तर पर ‘A+’ रेटिंग और शीर्ष पुरस्कारों से सम्मानित किया गया है। शक्तिकांत दास अभी संसद के किसी भी सदन के सदस्य नहीं है। अगर वे वित्त मंत्री बनते हैं। छह महीने में किसी सदन के सदस्य बन सकते हैं। चर्चा है कि बीजेपी के सामने उन्हें उत्तर प्रदेश से राज्यसभा भेजने का विकल्प है। नवंबर, 2026 उत्तर प्रदेश में राज्यसभा की 10 सीटें खाली होनी है।
शक्तिकांत दास की बड़ी बातें
शक्तिकांत दास प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के सबसे विश्वसनीय अधिकारियों में से एक हैं।
2016 की नोटबंदी के दौरान और कोविड-19 महामारी के समय संकट-प्रबंधन (क्राइसिस मैनेजमेंट) में असाधारण क्षमता दिखाई है।
दास ने अपनी प्रशासनिक विशेषज्ञता, आर्थिक फैसलों में सरकार और रिजर्व बैंक के बीच समन्वय बनाकर पीएम का भरोसा जीता है।
शक्तिकांत दास का जन्म 26 फरवरी 1957 को ओडिशा के भुवनेश्वर में हुआ था। उन्होंने अपनी शुरुआती पढ़ाई भुवनेश्वर के ‘डेमोंस्ट्रेशन मल्टीपर्पस स्कूल’ से पूरी की। इसके बाद वह उच्च शिक्षा के लिए दिल्ली आ गए। उन्होंने डीयू के प्रतिष्ठित ‘सेंट स्टीफंस कॉलेज’ से इतिहास में बीएस और एमए की डिग्री हासिल की। दास ने बर्मिंघम विश्वविद्यालय से लोक प्रशासन में पोस्ट ग्रेजुएशन भी किया है। शक्तिकांत दास 1980 बैच के तमिलनाडु कैडर के एक बेहद सफल आईएएस अधिकारी रहे हैं।इतिहास के छात्र होने के बावजूद उन्होंने अपने 37 साल से लंबे प्रशासनिक करियर में ज्यादातर काम देश के आर्थिक और वित्त विभागों में किया। वे भारत के राजस्व सचिव और आर्थिक मामलों के सचिव जैसे महत्वपूर्ण पदों पर रहे। वह दिसंबर 2018 से दिसंबर 2024 तक आरबीआई गवर्नर रहे। आरबीआई से सेवानिवृत्त होने के बाद, फरवरी 2025 में उन्हें प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के प्रधान सचिव के रूप में नियुक्त किया गया। तमिलनाडु में सेवाकाल के दौरान शक्तिकांत दास डिंडिगुल और कांचीपुरम जिले कलेक्टर भी रहे हैं।
लेखक के बारे मेंअचलेंद्र कटियारअचलेंद्र कुमार कटियार नवभारत टाइम्स ऑनलाइन में गुजरात में रहकर पश्चिमी राज्यों की हलचल को कवर करते हैं। प्रिंट, डिजिटल और इलेक्ट्रॉनिक मीडिया के साथ-साथ अध्यापन को मिलाकर उन्हें 17 से अधिक वर्षों का अनुभव है। इस दौरान उन्होंने उत्तर प्रदेश, दिल्ली और हरियाणा जैसे राज्यों में रिपोर्टर और एडिटर की भूमिका में काम किया है। अचलेंद्र कुमार कटियार ने सितंबर 2022 में नवभारत टाइम्स ऑनलाइन जॉइन किया था।
पिछले तीन वर्षों में उन्होंने तीन बड़े चुनावों को कवर किया है। इनमें 2022 गुजरात विधानसभा चुनाव, 2024 महाराष्ट्र विधानसभा चुनाव और 2024 लोकसभा चुनाव शामिल हैं। गुजरात विधानसभा चुनावों में उन्होंने ‘गुजरात बोले’ के तहत कई ग्राउंड रिपोर्ट्स की थीं।
गुजरात की राजनीतिक हलचल हो या फिर कोई बड़ा घटनाक्रम, उसके तमाम पहलुओं को अचलेंद्र रिपोर्ट करते हैं। गुजरात में अहमदाबाद विमान हादसे को उन्होंने सभी एंगल से कवर किया था। राजनीतिक घटनाक्रमों को वे स्टोरी और वीडियो के जरिए पाठकों तक पहुंचाते हैं।
विशेषज्ञता:
गुजरात समेत पश्चिमी राज्यों की राजनीति पर अच्छी पकड़, अपराध और ब्यूरोक्रेसी की हलचल, शहरों के विकास से जुड़े अपडेट और बड़े आयोजनों की जानकारी आम लोगों तक पहुंचाना।
पत्रकारिता अनुभव:
प्रिंट, इलेक्ट्रॉनिक और डिजिटल मीडिया को मिलाकर 17 से अधिक वर्षों से कार्यरत अचलेंद्र कुमार कटियार ने अप्रैल 2008 में मेरठ से प्रकाशित होने वाले डीएलए न्यूज़पेपर से अपने करियर की शुरुआत की। इसके बाद उन्होंने हिंदुस्तान (कानपुर लोकेशन) में सब-एडिटर के तौर पर काम किया। फिर कानपुर में ही दैनिक जागरण समूह के आई-नेक्ट न्यूज़पेपर में बतौर सब-एडिटर कार्य किया।
मार्च 2011 में उन्होंने दिल्ली का रुख किया और इंडिया न्यूज़ समूह के अख़बार आज समाज को जॉइन किया। यहां विभिन्न डेस्क के साथ-साथ खेल रिपोर्टिंग भी की। अप्रैल 2012 में हिंदुस्तान टाइम्स समूह के अख़बार हिंदुस्तान की युवा टीम का हिस्सा बने। यहां रहते हुए उन्होंने टेक्नोलॉजी, सोशल मीडिया और इंटरनेट की दुनिया से जुड़ी तमाम हलचलों को कवर किया।
2014 में वे हिंदुस्तान के दिल्ली ब्यूरो की रिपोर्टिंग टीम में शामिल हुए। इसके बाद दिल्ली मेट्रो, दिल्ली विकास प्राधिकरण (DDA) और सीपीडब्ल्यूडी (केंद्रीय लोक निर्माण विभाग) से जुड़ी खबरों के साथ-साथ दिल्ली की समस्याओं को कवर किया।
2017 में दिल्ली-एनसीआर के अंतर्गत आने वाले गुरुग्राम के ब्यूरो चीफ बने। बतौर चीफ रिपोर्टर उन्होंने हरियाणा की टीम को लीड किया। इस दौरान हरियाणा के 2019 विधानसभा और लोकसभा चुनावों को कवर किया। कई बड़ी रैलियों की रिपोर्टिंग की और कोरोना महामारी के दौरान ग्राउंड ज़ीरो से कवरेज किया।
विश्वविद्यालय में अध्यापन:
2020 में न्यूज़रूम से क्लासरूम की ओर रुख करते हुए उन्होंने गुजरात के वडोदरा स्थित पारूल यूनिवर्सिटी को जॉइन किया। यहां उन्होंने फैकल्टी ऑफ आर्ट्स के मास कम्युनिकेशन डिपार्टमेंट में असिस्टेंट प्रोफेसर के रूप में अध्यापन किया। इस दौरान पत्रकारिता के छात्रों को पाठ्यक्रम के साथ-साथ फील्ड के अनुभवों से भी अवगत कराया।
अगस्त 2021 में उन्होंने मीडिया स्टार्टअप नेशन प्लान न्यूज़ को जॉइन किया। यहां ‘रिमांड’ नाम के टॉक शो के जरिए कई हस्तियों के इंटरव्यू किए।
शिक्षा / पुरस्कार:
मूल रूप से उत्तर प्रदेश के कानपुर के रहने वाले अचलेंद्र कटियार ने छत्रपति शाहूजी महाराज विश्वविद्यालय (CSJM University), कानपुर के डीएवी कॉलेज से पीजी किया है। इसके बाद दिल्ली स्थित जामिया मिलिया इस्लामिया से मीडिया की पढ़ाई की।
अच्छे काम के लिए अचलेंद्र कटियार को कई इन-हाउस और बाहरी संस्थाओं से पुरस्कार मिल चुके हैं। हरियाणा में काम के दौरान उन्हें ‘गुरुग्राम अचीवर्स अवॉर्ड’ से सम्मानित किया गया था।… और पढ़ें