किचन का बजट सरसों, सोया, मूंगफली, सूरजमुखी जैसे खाद्य तेलों के दाम में लगी आग की वजह से बिगड़ रहा है। अब तो चीनी भी ‘कड़वी’ होने लगी है। कई शहरों में यह 50 रुपये किलो के पार पहुंच गई है। दिल्ली में सरसों तेल की कीमत 209 रुपये किलो पर पहुंच गई। मुंबई में 231, चेन्नई में 247 रुपये है। वहीं, रांची में 197 रुपये। यह हम नहीं कह रहे बल्कि भारत सरकार के उपभोक्ता मंत्रालय के आंकड़े कह रहे हैं। आइए देखें आवश्यक वस्तुओं के दाम पिछले एक साल में कितना बदले हैं…
रोजमर्रा की रसोई में इस्तेमाल होने वाली चीजों की कीमतों की ताजा तस्वीर महंगाई का बदला हुआ चेहरा दिखा रही है। 16 अगस्त 2026 के अखिल भारतीय दैनिक औसत खुदरा कीमतों के आंकड़ों के मुताबिक, पिछले एक साल में चीनी, प्याज और खाद्य तेलों के दाम में तेजी आई है, जबकि टमाटर और आलू काफी सस्ते हुए हैं। दालों में भी राहत और तेजी दोनों का मिला-जुला असर देखने को मिल रहा है।
चीनी ने बढ़ाई सबसे ज्यादा चिंता
उपभोक्ता मंत्रालय की वेबसाइट पर दिए गए आंकड़ों के मुताबिक, चीनी की औसत खुदरा कीमत 51.51 रुपये प्रति किलो पहुंच गई है। एक साल पहले यह 46.38 रुपये थी। यानी सालाना आधार पर चीनी 11.06 प्रतिशत महंगी हो चुकी है।
चार बड़े शहरों में भी चीनी के दाम अलग-अलग हैं। 16 अगस्त को रांची में चीनी 57 रुपये किलो, चेन्नई में 54 रुपये, मुंबई में 53 रुपये और दिल्ली में 50 रुपये किलो दर्ज की गई। यानी इन प्रमुख शहरों में रांची में चीनी सबसे महंगी रही।
प्याज भी एक साल में 27.63 प्रतिशत महंगा
प्याज की अखिल भारतीय औसत खुदरा कीमत 35.85 रुपये प्रति किलो रही। एक साल पहले यह 28.09 रुपये थी। इस तरह प्याज के दाम में सालाना 27.63 प्रतिशत की बढ़ोतरी हुई है। हालांकि शहरों के बीच बड़ा अंतर दिखाई देता है। दिल्ली में प्याज 45 रुपये, चेन्नई में 50 रुपये, रांची में 37 रुपये और मुंबई में 33 रुपये किलो दर्ज किया गया।
टमाटर ने दी बड़ी राहत
जहां प्याज महंगा हुआ है, वहीं टमाटर ने उपभोक्ताओं को बड़ी राहत दी है। अखिल भारतीय औसत खुदरा कीमत 36.91 रुपये प्रति किलो रही, जबकि एक साल पहले यह 53.43 रुपये थी। यानी टमाटर 30.92 प्रतिशत सस्ता हुआ है।
थोक बाजार में भी गिरावट और तेज है। टमाटर की अखिल भारतीय औसत थोक कीमत 16 अगस्त को 2,841.50 रुपये प्रति क्विंटल रही, जो एक साल पहले 4,300.82 रुपये थी। यानी थोक भाव में करीब 33.93 प्रतिशत की गिरावट आई है। चार शहरों में टमाटर की कीमत दिल्ली में 45 रुपये, मुंबई में 38 रुपये, चेन्नई में 38 रुपये और रांची में 43 रुपये किलो रही।
आलू भी सालभर में 15 प्रतिशत से ज्यादा सस्ता
आलू की अखिल भारतीय औसत खुदरा कीमत 21.75 रुपये प्रति किलो रही। एक साल पहले यह 25.72 रुपये थी। यानी आलू के दाम में 15.44 प्रतिशत की कमी आई है। चार शहरों में आलू दिल्ली में 23 रुपये, मुंबई में 25 रुपये, चेन्नई में 40 रुपये और रांची में 20 रुपये किलो रहा।
खाने के तेल ने बढ़ाया रसोई का बजट
खाद्य तेलों में सबसे ज्यादा तेजी सूरजमुखी तेल में दिखाई देती है। इसकी अखिल भारतीय औसत खुदरा कीमत 190.79 रुपये प्रति किलो है, जो एक साल पहले 161.09 रुपये थी। यानी कीमत 18.44 प्रतिशत बढ़ी है।
पाम 14.02 प्रतिशत, सोया 11.92 प्रतिशत और मूंगफली तेल 10.06 प्रतिशत महंगा हुआ है। सरसों तेल की कीमत भी एक साल में 4.56 प्रतिशत बढ़ी है। मूंगफली तेल की खुदरा औसत कीमत 206.49 रुपये, सरसों तेल की 197.39 रुपये और सोया तेल की 164.67 रुपये प्रति किलो रही।
दालों में बड़ी राहत नहीं, लेकिन स्थिति नियंत्रण में
दालों की तस्वीर अपेक्षाकृत संतुलित है। अरहर दाल की अखिल भारतीय औसत खुदरा कीमत 121.82 रुपये किलो रही और सालाना आधार पर इसमें 3.97 प्रतिशत की बढ़ोतरी हुई है। उड़द दाल 6.60 प्रतिशत महंगी हुई है। इसके उलट चना दाल करीब 2 प्रतिशत, मूंग दाल 0.38 प्रतिशत और मसूर दाल 1.15 प्रतिशत सस्ती हुई है।
चावल महंगा, गेहूं लगभग स्थिर
अनाज में चावल की कीमत भी बढ़ी है। चावल की अखिल भारतीय औसत खुदरा कीमत 44.96 रुपये किलो रही, जो एक साल पहले 42.22 रुपये थी। सालाना वृद्धि 6.49 प्रतिशत है। गेहूं की कीमत 31.47 रुपये किलो रही और इसमें सालाना 0.57 प्रतिशत की मामूली कमी आई है। वहीं गेहूं के आटे की कीमत 37.49 रुपये किलो रही, जो एक साल पहले से 1.08 प्रतिशत अधिक है।


